चार लाख रुपये के साथ नशे में धुत होटल परमिट धारक हिरासत में, एक महीने से अधिक समय बाद एसीबी की कार्रवाई हुई आसान
गुजरात हेड राजेंद्र तिवारी कि खास रिपोर्ट
सूरत,
शहर के लिंबायत क्षेत्र में सूरत महा नगर पालिका में कार्यरत तत्कालीन कार्यपालक इंजीनियर गणेशवाला और उनके परिचित मोहम्मद इमरान के विरुद्ध होटल परमिट मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) द्वारा शिकायत दर्ज किए जाने के बाद भी लंबे समय तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई थी। वर्ष 2021 में एसीबी द्वारा छापा मारने के बाद भी आरोपियों के खिलाफ अपेक्षित कदम नहीं उठाए गए थे।जानकारी के अनुसार, परमिट दिलाने के नाम पर चार लाख रुपये की मांग की गई थी। शिकायतकर्ता से पैसे लेने के बाद भी परमिट जारी नहीं किया गया। मामले में एसीबी को शिकायत मिलने के बाद कार्रवाई की गई, लेकिन आरोपी लंबे समय तक गिरफ्तारी से बचते रहे।
बताया जाता है कि शिकायत के बाद गणेश वाला कुछ समय तक भूमिगत हो गए थे और बाद में एसीबी के समक्ष पेश हुए। हालांकि, परमिट जारी न होने के बावजूद रिश्वत की रकम वापस नहीं की गई।
इस पूरे प्रकरण में एसीबी की कार्रवाई पर भी सवाल उठ रहे हैं कि शिकायत के बावजूद एक महीने से अधिक समय तक ढिलाई क्यों बरती गई। अब हाल ही में चार लाख रुपये के साथ आरोपी को हिरासत में लिया गया है और आगे की जांच जारी है।
सूत्रों के अनुसार, पहले भी परमिट के नाम पर कई लोगों से पैसे वसूलने की शिकायतें सामने आ चुकी हैं। एसीबी ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विस्तृत जांच शुरू कर दी है और अन्य संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
टी यन न्यूज 24 आवाज जुर्म के खिलाफ गुजरात हेड राजेंद्र तिवारी के साथ राजेश देसाई कि खास रिपोर्ट स्थानीय प्रेस नोट और विज्ञापन के लिए संपर्क करें 9879855419
Updated Video




Subscribe to my channel




